इस फंडिंग राउंड में एंजेल निवेशक रिनशुल चंद्रा, हरप्रीत ग्रोवर, अनुराग प्रसाद और हरीश वरदराजन ने भी हिस्सा लिया।
साल 2025 में ऋषव रंजन और आकाश क्याल द्वारा शुरू किया गया Acai Theory एक क्विक-सर्विस मॉडल पर काम करता है, जहां Acai बाउल, स्मूदी और सुपरफूड स्नैक्स मिलते हैं। ब्रांड का फिलहाल इंदिरानगर में एक आउटलेट है और लॉन्च (अक्टूबर 2025) के छह महीने के अंदर 10,000 से ज्यादा बाउल्स सर्व किए जा चुके हैं।
संस्थापकों के अनुसार, उनका उद्देश्य ऐसा हेल्दी खाना देना है जो स्वाद के साथ समझौता न करे। उन्होंने बताया कि ग्लोबल मार्केट में हेल्दी और स्वादिष्ट खाना साथ-साथ मिलता है, लेकिन भारत में यह कमी थी, जिसे पूरा करने के लिए उन्होंने यह ब्रांड शुरू किया।
कंपनी इस नई फंडिंग का इस्तेमाल अपने रिटेल स्टोर्स बढ़ाने, टीम को मजबूत करने, ब्रांड की पहचान बढ़ाने और सप्लाई चेन व रिसर्च एंड डेवलपमेंट (R&D) को बेहतर बनाने में करेगी।
अपनी ग्रोथ रणनीति के तहत Acai Theory बेंगलुरु में 8–10 नए आउटलेट खोलने, एक सेंट्रल किचन बनाने और AI आधारित टूल्स व डिजिटल सिस्टम (SOPs) अपनाने की योजना बना रही है, जिससे कामकाज और आसान व तेज हो सके।
उज्ज्वल सुतारिया के अनुसार, भारत में Gen Z और मिलेनियल्स के बीच हेल्दी और क्वालिटी फूड की मांग तेजी से बढ़ रही है। Acai Theory अपनी पहचान, शुरुआती सफलता और स्केलेबल मॉडल के कारण इस मार्केट में अलग नजर आती है। उन्होंने यह भी बताया कि ग्लोबल स्मूदी और हेल्दी बाउल्स का बाजार 2030 तक 23 बिलियन डॉलर से ज्यादा का हो सकता है।
कंपनी ऐसे समय में इस सेक्टर में कदम रख रही है, जब भारत में जिम जाने वाले लोगों की संख्या 30 लाख से बढ़कर 1.2 करोड़ होने का अनुमान है। इससे हेल्दी फूड ब्रांड्स की मांग और तेजी से बढ़ने की संभावना है।