यूनाइटेड किंगडम की University of Bristol ने भारत में अपना पहला इंटरनेशनल कैंपस शुरू कर दिया है। यूनिवर्सिटी ने 10 सितंबर 2026 को मुंबई के Powai स्थित Mumbai Enterprise Campus का आधिकारिक उद्घाटन किया और अपने पहले बैच के स्टूडेंट्स का स्वागत किया। यह कैंपस भारत में अंतरराष्ट्रीय उच्च शिक्षा, रिसर्च और इंडस्ट्री सहयोग को बढ़ावा देने की दिशा में यूनिवर्सिटी की महत्वपूर्ण पहल है।
Data Science और Finance जैसे क्षेत्रों पर फोकस
Mumbai Enterprise Campus में ऐसे विषयों पर फोकस किया गया है, जिनकी शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र में लगातार मांग बढ़ रही है। 2026 प्रवेश के लिए कैंपस में BSc Data Science, MSc Finance and Investment, MSc Financial Technology with Data Science और MA Immersive Arts जैसे प्रोग्राम उपलब्ध हैं। यूनिवर्सिटी के अनुसार, मुंबई में दिए जा रहे डिग्री प्रोग्राम Bristol में उपलब्ध पाठ्यक्रमों पर आधारित हैं, लेकिन इन्हें भारतीय संदर्भ और यहां के रोजगार बाजार की जरूरतों के अनुसार तैयार किया गया है।
स्टूडेंट्स को अकादमिक शिक्षा के साथ रिसर्च, इनोवेशन, इंटर्नशिप और इंडस्ट्री से जुड़ने के अवसर भी दिए जाएंगे। यूनिवर्सिटी के अनुसार, पाठ्यक्रमों में रिसर्च आधारित शिक्षण, प्रोजेक्ट आधारित लर्निंग और वास्तविक कार्यक्षेत्र से जुड़े अनुभव पर भी जोर दिया जाएगा।
IIT Bombay के साथ रिसर्च और इनोवेशन पर जोर
Mumbai Enterprise Campus को Powai के Cignus विकास क्षेत्र में स्थापित किया गया है। यह कैंपस Indian Institute of Technology (IIT) Bombay के ठीक सामने स्थित है। University of Bristol ने IIT Bombay के साथ रणनीतिक साझेदारी की है, जिसके तहत ट्रांसलेशनल रिसर्च और इनोवेटिव टीचिंग को बढ़ावा देने पर फोकस किया जाएगा।
यूनिवर्सिटी का उद्देश्य शिक्षा को रिसर्च, इंडस्ट्री और इनोवेशन से जोड़ना है। कैंपस के स्टूडेंट्स को रिसर्च सहयोग, अनुभव आधारित सीखने और इंडस्ट्री साझेदारियों के जरिए वास्तविक दुनिया की चुनौतियों पर काम करने का अवसर मिलेगा। इसके अलावा, Global Mobility के जरिए स्टूडेंट्स को भारत और यूके के बीच शैक्षणिक अनुभव हासिल करने के अवसर भी उपलब्ध कराए जाने की योजना है।
महाराष्ट्र के स्टूडेंट्स को 100% ट्यूशन फीस में छूट
University of Bristol और महाराष्ट्र सरकार के बीच हुए समझौते के तहत राज्य के प्रतिभाशाली स्टूडेंट्स के लिए विशेष स्कॉलरशिप योजना शुरू की गई है। इस योजना के तहत चयनित स्टूडेंट्स को उनकी अंडरग्रेजुएट पढ़ाई की पूरी अवधि के लिए 100% ट्यूशन फीस में छूट के साथ वित्तीय सहायता और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री कार्यालय में इंटर्नशिप का अवसर दिया जाना है।
कैंपस के उद्घाटन समारोह में इस योजना के चार लाभार्थी शामिल हुए। इनमें नेहा कुशे भी शामिल हैं, जिन्होंने Physics की पृष्ठभूमि के बाद Finance and Investment में मास्टर डिग्री करने का विकल्प चुना है। उन्होंने कहा कि मुंबई में रहकर University of Bristol की वैश्विक स्तर पर मान्यता प्राप्त शिक्षा हासिल करने का अवसर उनके लिए महत्वपूर्ण है।
पहले साल 250 स्टूडेंट्स तक प्रवेश का लक्ष्य
University of Bristol ने जून 2026 में बताया था कि Mumbai Enterprise Campus के पहले साल में अंडरग्रेजुएट और पोस्टग्रेजुएट प्रोग्राम्स में 250 स्टूडेंट्स तक प्रवेश लेने की उम्मीद है। वहीं, पांचवें वर्ष तक स्टूडेंट्स की संख्या 2,500 से अधिक होने का अनुमान जताया गया था। कैंपस में Data Science, Economics, Finance और Immersive Arts से जुड़े कार्यक्रमों के जरिए स्टूडेंट्स को वैश्विक शिक्षा और रोजगार-केंद्रित कौशल उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।
University of Bristol की वाइस-चांसलर और प्रेसिडेंट प्रोफेसर एवलिन वेल्च ने कहा कि मुंबई कैंपस यूनिवर्सिटी के 150 साल के इतिहास में एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। उनके अनुसार, कैंपस के जरिए रिसर्च, इनोवेशन और ज्ञान के आदान-प्रदान के नए अवसर तैयार किए जाएंगे और स्टूडेंट्स को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप शिक्षा देने पर फोकस रहेगा। वहीं, Mumbai Enterprise Campus की डायरेक्टर और एग्जीक्यूटिव डीन प्रोफेसर मिशेल जोन्स ने कहा कि कैंपस भारत और यूके के बीच उच्च शिक्षा सहयोग को मजबूत करने के साथ स्टूडेंट्स को इंडस्ट्री, इनोवेशन और समाज से जोड़ने का काम करेगा।
उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान University of Bristol ने अपनी पूर्व छात्रा शांता गोखले को मानद Doctor of Letters (DLitt) की डिग्री भी प्रदान की। मुंबई कैंपस के साथ यूनिवर्सिटी का लक्ष्य भारत में वैश्विक स्तर की शिक्षा की पहुंच बढ़ाने और शिक्षा, रिसर्च तथा इंडस्ट्री के बीच सहयोग को मजबूत करना है।