SEBI-पंजीकृत वेंचर कैपिटल फंड Campus Fund, जो छात्र और ड्रॉपआउट उद्यमियों के स्टार्टअप्स में निवेश करता है, ने डॉ. हॉवर्ड एल. मॉर्गन को अपने ग्लोबल एडवाइजरी बोर्ड में शामिल किया है। डॉ. हॉवर्ड मॉर्गन B Capital के चेयरमैन और जनरल पार्टनर हैं। वह शुरुआती चरण की निवेश फर्म First Round Capital के सह-संस्थापक भी हैं, जिसने Uber, Square, Roblox और Notion जैसी वैश्विक कंपनियों में शुरुआती निवेश किया था।
इससे पहले वह Renaissance Technologies के संस्थापक अध्यक्ष (Founding President) रह चुके हैं। इसके अलावा वह Idealab के शुरुआती निवेशकों में शामिल रहे हैं। वर्ष 2025 में उन्हें National Venture Capital Association (NVCA) की Venture Vanguard सूची में भी शामिल किया गया।
छात्र उद्यमियों में निवेश का लंबा अनुभव
साल 2012 में डॉ. मॉर्गन और उनकी टीम ने Dorm Room Fund की शुरुआत की थी, जो छात्रों द्वारा स्थापित स्टार्टअप्स में निवेश करने वाला एक संस्थागत फंड है। वहीं, Campus Fund, जिसकी स्थापना वर्ष 2020 में रिचा बाजपेयी ने की थी, भारत में छात्र उद्यमियों पर केंद्रित इसी तरह के निवेश मॉडल पर काम करता है।
यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है, जब Campus Fund अपने 100 मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 850 करोड़ रुपये) के तीसरे फंड का निवेश कर रहा है। जून 2025 में घोषित इस फंड के जरिए अगले चार वर्षों में करीब 60 स्टार्टअप्स में निवेश करने की योजना है। शुरुआती निवेश 1 करोड़ रुपये से 8 करोड़ रुपये तक होगा।
Campus Fund हर साल 7,000 से अधिक स्टार्टअप्स का मूल्यांकन करता है। इसके लिए देशभर के विभिन्न कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में 100 से अधिक छात्र स्काउट्स का नेटवर्क काम करता है।
भारत के छात्र स्टार्टअप्स को मिलेगा वैश्विक सहयोग
फंड के पोर्टफोलियो में Digantara, EtherealX, Sarla Aviation, GreenGrahi और Serendipity Space जैसे स्टार्टअप्स शामिल हैं। इनमें से कई कंपनियों को बाद में a16z, DST Global, Alpha Wave, Sky9 Capital, Accel, Prosus और Global Brain जैसे बड़े निवेशकों से भी फंडिंग मिली है।
Campus Fund की फाउंडर और सीईओ रिचा बाजपेयी ने कहा, "हॉवर्ड मॉर्गन ने केवल इस विचार पर भरोसा नहीं किया कि छात्र भी बड़ी कंपनियां बना सकते हैं, बल्कि उन्होंने इसे एक संस्थागत मॉडल का रूप दिया। उनके हमारे ग्लोबल एडवाइजरी बोर्ड में शामिल होने से भारत में हमारे काम को वैश्विक मान्यता मिली है और यह Campus Fund को एक वैश्विक फंड बनने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।"
डॉ. हॉवर्ड मॉर्गन ने कहा, "बेहतरीन उद्यमी हर जगह मौजूद हैं। मैंने अमेरिका के कैंपसों में यह देखा है और अब भारत में भी वही क्षमता दिखाई दे रही है। Campus Fund ने भारत में छात्र उद्यमियों के लिए जो मॉडल तैयार किया है, वह दुनिया में सबसे प्रभावशाली मॉडलों में से एक है। भारत के युवा उद्यमी डीप-टेक, स्पेस और क्लाइमेट टेक जैसे क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर काम कर रहे हैं और मुझे इस पहल को वैश्विक स्तर तक पहुंचाने का हिस्सा बनकर खुशी है।"