यह फंड एशिया क्षेत्र में प्राइवेट इक्विटी निवेश के बढ़ते अवसरों और निवेशकों की मजबूत रुचि को दर्शाता है। खास बात यह है कि फंड में लगभग 9.1 बिलियन डॉलर बाहरी निवेशकों की कमिटमेंट के रूप में शामिल हैं, जो कंपनी के शुरुआती 7 बिलियन डॉलर के लक्ष्य से काफी अधिक है।
कंपनी के अनुसार, बाकी पूंजी बेन कैपिटल के पार्टनर्स, कर्मचारियों और संबंधित संस्थाओं द्वारा निवेश की गई है। इससे वे इस फंड के सबसे बड़े निवेशक बन गए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह निवेशकों के बीच एशियाई बाजारों और प्राइवेट इक्विटी सेक्टर पर बढ़ते भरोसे को दिखाता है।
एशिया में 20 साल पूरे होने पर बड़ी उपलब्धि
यह नया फंड ऐसे समय में आया है जब बेन कैपिटल एशिया में अपने संचालन के 20 साल पूरे कर रहा है। इस दौरान कंपनी ने जापान, भारत, चीन, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण कोरिया जैसे प्रमुख बाजारों में अपनी मजबूत मौजूदगी बनाई है। वर्तमान में कंपनी के पास एशिया क्षेत्र में लगभग 200 निवेश और संचालन विशेषज्ञों की टीम है।
बेन कैपिटल टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर, कंज्यूमर गुड्स, इंडस्ट्रियल्स और फाइनेंशियल सर्विसेज जैसे सेक्टर्स पर विशेष फोकस कर रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि एशिया में तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाएं और डिजिटल बदलाव प्राइवेट इक्विटी कंपनियों के लिए नए अवसर पैदा कर रहे हैं।
कंपनियों की ग्रोथ और बदलाव पर रहेगा ध्यान
बेन कैपिटल के पार्टनर और हेड ऑफ एशिया प्राइवेट इक्विटी यूजी सुगिमोटो ने कहा कि कंपनी का प्राइवेट इक्विटी बिजनेस हमेशा कंपनियों को उनकी पूरी क्षमता हासिल करने में मदद करने पर केंद्रित रहा है। इसके तहत ऑपरेशनल सुधार, स्ट्रेटेजिक बदलाव और मैनेजमेंट टीम्स के साथ करीबी साझेदारी पर जोर दिया जाता है।
उन्होंने कहा कि पिछले 20 वर्षों में कंपनी ने ऐसा मॉडल विकसित किया है जो लोकल मार्केट की समझ को ग्लोबल क्षमताओं के साथ जोड़ता है। इसी रणनीति की मदद से कंपनी ने अलग-अलग मार्केट साइकल्स में अपने निवेशकों और पार्टनर कंपनियों के लिए मजबूत परिणाम हासिल किए हैं।
बड़े और जटिल निवेश अवसरों पर नजर
कंपनी के अनुसार, उसका एशिया प्लेटफॉर्म क्रेडिट, इंश्योरेंस, रियल एस्टेट और स्पेशल सिचुएशंस जैसे ग्लोबल बिजनेस यूनिट्स के साथ मिलकर काम करता है। इसके जरिए कॉरपोरेट कार्व-आउट्स, फाउंडर ट्रांजिशन, रिस्ट्रक्चरिंग और क्रॉस-बॉर्डर एक्सपेंशन जैसे जटिल निवेश अवसरों पर काम किया जाता है।
यूजी सुगिमोटो (Yuji Sugimoto) ने कहा कि कंपनी को एशिया क्षेत्र में अभी भी बड़े अवसर दिखाई दे रहे हैं। इसी वजह से बेन कैपिटल अपने लोगों, टेक्नोलॉजी और प्लेटफॉर्म की क्षमताओं में लगातार निवेश कर रही है, ताकि लंबे समय तक स्थिर और अनुशासित तरीके से ग्रोथ जारी रखी जा सके।
225 बिलियन डॉलर की संपत्तियों का प्रबंधन
साल 1984 में स्थापित बेन कैपिटल वर्तमान में दुनिया भर में लगभग 225 बिलियन डॉलर की संपत्तियों का प्रबंधन करती है। कंपनी वैश्विक स्तर पर प्राइवेट इक्विटी, क्रेडिट, रियल एस्टेट और अन्य निवेश क्षेत्रों में सक्रिय है। विशेषज्ञों के अनुसार, एशिया में बढ़ता निवेश यह संकेत देता है कि आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र वैश्विक निवेशकों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बाजारों में शामिल रह सकता है।