गुरुग्राम स्थित ड्रिवन (Drivn) और Energy in Motion (EIM) ने 21 अप्रैल 2026 को एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके तहत अगले दो वर्षों में भारत भर में करीब 1,000 इलेक्ट्रिक ट्रक तैनात किए जाएंगे।
यह समझौता वाहन सप्लाई, फाइनेंसिंग स्ट्रक्चर, डिप्लॉयमेंट प्लानिंग, लाइफसाइकल मैनेजमेंट और एनर्जी सपोर्ट को कवर करता है। दोनों कंपनियां मिलकर तैनाती के अवसरों की पहचान करेंगी, वाहन स्पेसिफिकेशन तय करेंगी और चार्जिंग व बैटरी-स्वैपिंग समाधान सहित आफ्टर-सेल्स सपोर्ट प्रदान करेंगी।
ड्रिवन के सीईओ और को-फाउंडर मानव बंसल ने कहा कि भारत में इलेक्ट्रिक ट्रकों का विस्तार उनकी व्यावसायिक व्यवहारिकता, स्थिर प्रदर्शन और भरोसेमंद संचालन पर निर्भर करेगा। उन्होंने कहा कि यह साझेदारी फ्लीट ऑपरेटर्स के लिए एक व्यावहारिक और संपूर्ण समाधान प्रदान करेगी।
वहीं, कंपनी की को-फाउंडर और सीबीओ अल्पना जैन ने कहा कि इस सहयोग से इलेक्ट्रिक ट्रांजिशन को आसान बनाने के लिए फाइनेंसिंग, सप्लाई और ऑपरेशनल सपोर्ट को एकीकृत किया जा रहा है।
नरेंद्र एम. मुरकुंबी (Narendra M. Murkumbi) ने कहा कि यह एमओयू भारी कमर्शियल वाहनों के लिए ईवी समाधान को स्केल करने की दिशा में EIM के मॉडल की पुष्टि करता है, जिसमें बैटरी-स्वैपिंग आधारित चार्जिंग सेवाएं शामिल हैं।
यह साझेदारी ड्रिवन (Drivn) को नोमुरा (Nomura) से मिले 80 मिलियन डॉलर के निवेश के बाद हुई है। EIM, जो अगस्त 2025 से कमर्शियल ऑपरेशंस में है, ट्रांसपोर्टर्स को बिना बैटरी वाले इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर प्रदान करती है और बैटरी, चार्जिंग व स्वैपिंग इंफ्रास्ट्रक्चर अलग से उपलब्ध कराती है।
यह पहल भारत में इलेक्ट्रिक कमर्शियल वाहनों के इकोसिस्टम को मजबूत करने और बड़े पैमाने पर EV अपनाने को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।