Credlix ने MSMEs के लिए 1 अरब डॉलर के एक्सपोर्ट फाइनेंसिंग का आंकड़ा पार किया

Credlix ने MSMEs के लिए 1 अरब डॉलर के एक्सपोर्ट फाइनेंसिंग का आंकड़ा पार किया

Credlix ने MSMEs के लिए 1 अरब डॉलर के एक्सपोर्ट फाइनेंसिंग का आंकड़ा पार किया
Credlix ने MSMEs के लिए 1 अरब डॉलर के एक्सपोर्ट फाइनेंसिंग का आंकड़ा पार किया, FY27 में भारत-मेक्सिको व्यापार मार्ग के लिए 10 करोड़ डॉलर देने की प्रतिबद्धता जताई।


Moglix के क्रॉस-बॉर्डर ट्रेड फाइनेंसिंग प्लेटफॉर्म Credlix ने 1 अरब डॉलर के एक्सपोर्ट फाइनेंसिंग का आंकड़ा पार कर लिया है। कंपनी ने भारत, मैक्सिको, अमेरिका, मिडिल ईस्ट और सिंगापुर में 1,000 से अधिक MSME एक्सपोर्टर्स को वित्तीय सहायता दी है। भारत में कंपनी RBI से विनियमित NBFC और GIFT City में IFSCA से विनियमित इकाई के जरिए काम करती है। इससे कंपनी घरेलू स्तर पर निर्माता और विदेश में खरीदार, दोनों को वित्तीय सहायता दे सकती है।

Credlix ने FY27 में मैक्सिकन कंपनियों के लिए 10 करोड़ डॉलर से अधिक की फाइनेंसिंग देने की प्रतिबद्धता जताई है। इसका उद्देश्य मैक्सिको में खरीदारों को सामान सप्लाई करने वाले भारतीय निर्माताओं को सहायता देना है। दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 11 अरब डॉलर से अधिक हो गया है। हाल ही में भारत के दूतावास ने Moglix, Credlix और Cognilix के फाउंडर एवं सीईओ राहुल गर्ग की मैक्सिको में भारत के राजदूत पंकज शर्मा और Coparmex के प्रतिनिधियों जोस मोरा मेडिना और जुआन पाब्लो मेडिना मोरा इकाज़ा के साथ बैठक कराई। इसमें भारत और मैक्सिको के बीच कारोबारी संबंधों को और मजबूत करने पर चर्चा हुई।

भारत का वस्तु निर्यात FY27 में अप्रैल से जुलाई के बीच 173.78 अरब डॉलर रहा, जिसमें 17.04% की वृद्धि दर्ज की गई। एक्सपोर्ट फैक्टरिंग के जरिए विदेशी खरीदारों से मिलने वाली रकम के आधार पर एक्सपोर्टर्स को पहले ही फाइनेंसिंग मिल जाती है। इससे MSMEs को लंबे भुगतान चक्र के दौरान वर्किंग कैपिटल संभालने और बड़े अंतरराष्ट्रीय ऑर्डर लेने में मदद मिलती है।

“भारत का एक्सपोर्ट फैक्टरिंग बाजार अभी विकसित बाजारों की तुलना में शुरुआती चरण में है। भारत में एक्सपोर्ट फैक्टरिंग की हिस्सेदारी कुल निर्यात के 1% से भी कम है। ऐसे में जागरूकता बढ़ाने और विशेषज्ञ सेवाएं विकसित करने की बड़ी गुंजाइश है, ताकि MSMEs को एक्सपोर्ट फाइनेंस हासिल करने और अपने वैश्विक कारोबार को बढ़ाने में मदद मिल सके,” Credlix के फाउंडर और सीईओ राहुल गर्ग ने कहा।

Credlix का एक्सपोर्ट फैक्टरिंग मॉडल USD, EUR और GBP जैसी प्रमुख मुद्राओं में फाइनेंसिंग की सुविधा देता है। FY27 के लिए कंपनी का लक्ष्य अकेले भारत से होने वाले 50 करोड़ डॉलर से अधिक के निर्यात के लिए फाइनेंसिंग उपलब्ध कराना है।

“TReDS जैसे घरेलू वित्तीय तंत्र एक अलग व्यवस्था को ध्यान में रखकर बनाए गए हैं, जहां खरीदार की जांच, KYC, वसूली की प्रक्रिया और नियामकीय जरूरतें विदेशी व्यापार से अलग होती हैं। विदेशी खरीदारों की भागीदारी बढ़ाने से अधिक भारतीय MSMEs को एक्सपोर्ट फाइनेंस हासिल करने और नए बाजारों में विस्तार करने में मदद मिल सकती है। खासकर ऐसे समय में जब भारत FTA के जरिए बाजार तक पहुंच के नए अवसर हासिल कर रहा है,” Credlix के वाइस प्रेसिडेंट प्रमित जोशी ने कहा।

Subscribe Newsletter
Submit your email address to receive the latest updates on news & host of opportunities