यह निवेश दीपक अग्रवाल ने अपनी व्यक्तिगत क्षमता में किया है और इसका संबंध लिस्टेड कंपनी Bikaji Foods International से अलग बताया गया है। वहीं Mint की रिपोर्ट के अनुसार, फैमिली ऑफिस ने FY24 में कंपनी में 35 करोड़ रुपये और FY25 में अतिरिक्त 10 करोड़ रुपये का निवेश किया है। इसके अलावा, अगले दो वर्षों में कंपनी के बिजनेस प्रदर्शन और तय लक्ष्यों के आधार पर 100 करोड़ रुपये तक का अतिरिक्त निवेश भी किया जा सकता है। इस फंडिंग का उपयोग कंपनी के विस्तार और संचालन को मजबूत बनाने में किया जाएगा।
Wishvish Foods के प्रवक्ता ने कहा कि बिकाजी का फैमिली ऑफिस कंपनी का रणनीतिक निवेश साझेदार है और फिलहाल कंपनी बाहरी निवेशकों से पूंजी जुटाने की योजना नहीं बना रही है। उनका कहना है कि यह साझेदारी लंबे समय की रणनीति को ध्यान में रखते हुए की गई है, ताकि ब्रांड का संतुलित और मजबूत विस्तार किया जा सके।
The Filter Coffee की शुरुआत साल 2014 में अविनीत बागरी और संस्कृत अय्यर ने की थी। शुरुआत में यह एक साउथ इंडियन ब्रेकफास्ट ब्रांड के रूप में शुरू हुआ था, लेकिन बाद में कंपनी ने अपने मेन्यू में कई क्षेत्रीय व्यंजन, स्नैक्स और डेजर्ट्स भी शामिल किए। कंपनी ने ग्राहकों की बदलती पसंद को देखते हुए डाइन-इन और क्लाउड किचन दोनों मॉडल पर फोकस किया है।
वित्तीय दस्तावेजों के अनुसार, Wishvish Foods का ऑपरेटिंग रेवेन्यू FY25 में बढ़कर 51.4 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले वित्त वर्ष में 40.8 करोड़ रुपये था। हालांकि, इसी दौरान कंपनी का घाटा 3.8 करोड़ रुपये से बढ़कर 5 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी के अनुसार, यह बढ़ता घाटा विस्तार और इंफ्रास्ट्रक्चर में किए जा रहे निवेश के कारण है।
निवेश मिलने के बाद कंपनी ने तेजी से विस्तार किया है। पहले जहां कंपनी के पास केवल 2 रिटेल आउटलेट और 3 क्लाउड किचन थे, वहीं अब यह बढ़कर कुल 10 आउटलेट तक पहुंच गई है, जिनमें 9 फिजिकल स्टोर्स शामिल हैं। कंपनी को FY26 में लगभग 70 करोड़ रुपये के रेवेन्यू की उम्मीद है।
कंपनी ने अपने बैकएंड इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए बेंगलुरु के पास 40,000 वर्गफुट का प्रोडक्शन और सप्लाई सेंटर भी स्थापित किया है। कंपनी का दावा है कि यह सुविधा भविष्य में 400 करोड़ रुपये तक के बिजनेस संचालन को संभालने में सक्षम होगी
इसके अलावा, The Filter Coffee ने Swiggy और Zomato जैसे फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म्स पर भी अपनी मौजूदगी मजबूत की है। ऑनलाइन फूड डिलीवरी की बढ़ती मांग का कंपनी को लगातार फायदा मिल रहा है।