जेबीएम ऑटो लिमिटेड ने मई 2026 में भारत में इलेक्ट्रिक बस पंजीकरण के मामले में शीर्ष स्थान हासिल किया है। सरकार के वाहन (Vahan) पोर्टल के अनुसार, कंपनी ने मई महीने में 157 इलेक्ट्रिक बसों का पंजीकरण दर्ज किया, जिससे उसकी बाजार हिस्सेदारी बढ़कर 49% हो गई। अप्रैल 2026 में कंपनी की हिस्सेदारी 33% थी।
कंपनी ने इस परफॉरमेंस के साथ पिछले वित्त वर्ष से जारी अपनी बाजार नेतृत्व की स्थिति को और मजबूत किया है। उद्योग विशेषज्ञों के अनुसार, मई के आंकड़ों में तेलंगाना राज्य के पंजीकरण डेटा को पहली बार वाहन पोर्टल में शामिल किया गया, जिससे राष्ट्रीय स्तर पर इलेक्ट्रिक बस बाजार की अधिक व्यापक तस्वीर सामने आई है। इस बदलाव के कारण उद्योग में दर्ज मासिक पंजीकरण संख्या में भी उल्लेखनीय वृद्धि देखने को मिली।
जेबीएम ऑटो का कहना है कि उसके पास चीन के बाहर दुनिया की सबसे बड़ी समर्पित एकीकृत इलेक्ट्रिक बस निर्माण सुविधा है, जो राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में स्थित है। इस संयंत्र की वार्षिक उत्पादन क्षमता 20,000 बसों की है।
कंपनी के अनुसार, उसकी इलेक्ट्रिक बसों का बेड़ा अब तक 40 करोड़ किलोमीटर से अधिक की दूरी तय कर चुका है, 100 करोड़ से अधिक यात्रियों को सेवा प्रदान कर चुका है और 100 करोड़ किलोग्राम से अधिक कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) उत्सर्जन को कम करने में योगदान दे चुका है।
जेबीएम ऑटो ने अपने मजबूत परफॉरमेंस का श्रेय उन्नत मैन्युफैक्चरिंग क्षमताओं और उच्च-शक्ति, हल्के वजन वाले इलेक्ट्रिक बस प्लेटफॉर्म को दिया है, जिन्हें शहरी और अंतर-शहरी सार्वजनिक परिवहन की जरूरतों को ध्यान में रखकर विकसित किया गया है। कंपनी का कहना है कि वह वैश्विक तकनीकों का उपयोग करते हुए बड़े पैमाने पर इलेक्ट्रिक मोबिलिटी समाधानों के विकास और विस्तार पर लगातार काम कर रही है।