इस निवेश का नेतृत्व Aramco Ventures ने किया। फंडिंग राउंड में Lightspeed India, Godrej Industries Group, Cisco Foundation, Francis Family Fund और Volta Circle ने भी भाग लिया।
कंपनी ने बताया कि इस निवेश का उपयोग भारत में अपने परिचालन का विस्तार करने और फिलीपींस तथा इंडोनेशिया जैसे नए बाजारों में प्रवेश के लिए किया जाएगा। इसके अलावा, यह पूंजी कंपनी के AI-संचालित प्लेटफॉर्म को और मजबूत बनाने में भी खर्च की जाएगी, जो धान किसानों को कम पानी में खेती करने, मीथेन उत्सर्जन घटाने और कार्बन क्रेडिट अर्जित करने में मदद करता है।
Mitti Labs के सह-संस्थापक जेवियर लागुआर्टा (Xavier Laguarta) ने कहा, “कम पानी में अधिक धान उत्पादन करना आज दुनिया की सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। चावल की मांग लगातार बढ़ रही है, लेकिन बढ़ती गर्मी और बदलते वर्षा पैटर्न जल संसाधनों और खाद्य सुरक्षा के लिए खतरा बन रहे हैं। हमारी तकनीक और बड़े स्तर पर लागू किए जा सकने वाले मॉडल के माध्यम से हम धान की खेती के तरीके को बदल सकते हैं, उत्सर्जन और पानी की खपत कम कर सकते हैं तथा 15 करोड़ छोटे किसानों के लिए टिकाऊ आजीविका सुनिश्चित कर सकते हैं।”
AI और सैटेलाइट तकनीक से होगी स्मार्ट खेती
Mitti Labs अपनी तकनीक में सैटेलाइट इमेजरी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और फील्ड ऑपरेशंस का उपयोग करती है। इसके जरिए कृषि गतिविधियों की निगरानी, उत्सर्जन में कमी का सत्यापन और जलवायु-अनुकूल धान खेती (Climate-Smart Rice Cultivation) को बढ़ावा दिया जाता है। कंपनी किसानों को कम पानी में खेती करने, फसलों की मजबूती बढ़ाने और कार्बन मार्केट तक पहुंच बनाने में भी सहयोग देती है।
कंपनी के अनुसार, यह नई फंडिंग उसके तकनीकी प्लेटफॉर्म को और मजबूत करने तथा साझेदारियों का विस्तार करने में मदद करेगी। एशिया के प्रमुख चावल उत्पादक क्षेत्रों में टिकाऊ कृषि (Sustainable Agriculture) की बढ़ती मांग को देखते हुए कंपनी अपने समाधान को बड़े स्तर पर पहुंचाने की योजना बना रही है।