कंपनी इस नई पूंजी का उपयोग अपने प्रोडक्ट को और बेहतर बनाने, बाजार में विस्तार करने और भारत के बड़े कंज्यूमर ब्रांड्स के बीच अपनी पहुंच बढ़ाने के लिए करेगी।
Kily की स्थापना वर्ष 2025 में संकल्प मेहरोत्रा, अनुराग सिंह और शरद चितलंगिया ने बेंगलुरु में की थी। कंपनी ऐसे AI सिस्टम तैयार करती है, जो Amazon, Flipkart, Blinkit, Zepto और Swiggy Instamart जैसे प्लेटफॉर्म पर ब्रांड्स के लिए प्राइसिंग, विज्ञापन, इन्वेंट्री मैनेजमेंट और मार्केटप्लेस से जुड़े फैसलों को स्वचालित (ऑटोमेट) तरीके से संचालित करते हैं।
कंपनी के अनुसार, उसके AI एजेंट्स लगातार मार्केटप्लेस के डेटा और ब्रांड की बिजनेस जरूरतों का विश्लेषण करते हैं। इसके आधार पर वे ऐसे फैसले लेते हैं, जो ब्रांड की बिक्री बढ़ाने, मुनाफा बेहतर करने और संचालन को अधिक प्रभावी बनाने में मदद करते हैं।
Kily पहले ही ITC सहित कई कंज्यूमर ब्रांड्स के साथ साझेदारी कर चुकी है। कंपनी का कहना है कि अब बड़ी कंपनियां केवल सुझाव देने वाले AI टूल्स की बजाय ऐसे AI सिस्टम अपनाना चाहती हैं, जो खुद निर्णय लेकर उन्हें लागू भी कर सकें।
Sorin Investments के पार्टनर सुबीर मोंगा ने कहा, "एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर अब केवल इंसानों की मदद करने वाले सिस्टम से आगे बढ़कर ऐसे सिस्टम की ओर बढ़ रहा है, जो खुद निर्णय लेकर उन्हें लागू भी कर सकते हैं। Kily के संस्थापकों का Flipkart, Affle और Amazon जैसी कंपनियों का अनुभव उन्हें डिजिटल कॉमर्स के लिए AI-आधारित एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर की नई श्रेणी विकसित करने में सक्षम बनाता है।"
Kily के, को-फाउंडर और सीईओ संकल्प मेहरोत्रा ने कहा, "आज ऑनलाइन ब्रांड्स और सेलर्स को हर दिन हजारों मार्केटप्लेस से जुड़े फैसले लेने पड़ते हैं। ऐसे में ऑटोनॉमस कॉमर्स मैनेजमेंट की जरूरत तेजी से बढ़ रही है। हमारा लक्ष्य ब्रांड्स को तेजी से फैसले लेने, बेहतर परिणाम हासिल करने और लाभदायक तरीके से अपने कारोबार का विस्तार करने में मदद करना है।"