पेट हेल्थकेयर स्टार्टअप Vetic को 40 मिलियन डॉलर की फंडिंग

पेट हेल्थकेयर स्टार्टअप Vetic को 40 मिलियन डॉलर की फंडिंग

पेट हेल्थकेयर स्टार्टअप Vetic को 40 मिलियन डॉलर की फंडिंग
भारत का पालतू पशु (Pet Care) उद्योग अगले छह वर्षों में 24.8 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है।


पेट हेल्थकेयर प्लेटफॉर्म Vetic ने Bessemer Venture Partners (BVP) के नेतृत्व में 40 मिलियन डॉलर की फंडिंग जुटाई है। इस निवेश दौर में मौजूदा निवेशकों Greenoaks Capital, Lachy Groom और JSW Family Office ने भी भाग लिया। साल 2022 में गौरव अजमेरा द्वारा स्थापित Vetic एक एकीकृत पेट हेल्थकेयर प्लेटफॉर्म है, जो 11 शहरों में 65 से अधिक क्लीनिक, 15 चौबीसों घंटे संचालित आपातकालीन सुविधाएं, घर पर पशु चिकित्सक (Vet at Home) सेवाएं, ई-फार्मेसी और पालतू पशुओं से जुड़े उत्पाद उपलब्ध कराता है।

कंपनी के अनुसार, उसके नेटवर्क में 250 से अधिक पशु चिकित्सक (Veterinarians) शामिल हैं, जो क्लीनिक पर ओपीडी सेवाओं, उन्नत जांच (Advanced Diagnostics) और जटिल सर्जरी जैसी सुविधाएं प्रदान करते हैं। Vetic ने Vet at Home सेवाओं, पेट इंश्योरेंस और वेलनेस प्लान्स के साथ-साथ ई-फार्मेसी कारोबार का भी विस्तार किया है, जहां 700 से अधिक पिनकोड क्षेत्रों में 300 से ज्यादा दवाएं 60 मिनट के भीतर डिलीवर की जाती हैं। इसके अलावा कंपनी 600 से अधिक पेट प्रोडक्ट्स की क्विक कॉमर्स सेवा भी उपलब्ध कराती है।

वर्तमान में Vetic के पास 60,000 से अधिक सब्सक्राइब्ड सदस्य हैं।

कंपनी का कहना है कि इस नई फंडिंग का उपयोग अपने क्लीनिक नेटवर्क और पशु चिकित्सकों की टीम (क्लीनिक, घर और वर्चुअल केयर सेवाओं सहित) का विस्तार करने के लिए किया जाएगा, जिससे उसकी मौजूदा क्षमता को दोगुना किया जा सके। निकट भविष्य की योजनाओं के तहत कंपनी अगले दो तिमाहियों में देशभर में Vet at Home सेवाएं शुरू करने, पेट इंश्योरेंस और वेलनेस प्लान्स को मजबूत करने तथा टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में बड़े पैमाने पर निवेश करने की तैयारी कर रही है।

इस फंडिंग से पहले Vetic ने Bessemer Ventures के नेतृत्व में 224 करोड़ रुपये (लगभग 26 मिलियन डॉलर) जुटाए थे। उस निवेश दौर में Lachy Groom की फर्म LGF3, Acorn और JSW Ventures ने भी भाग लिया था। IBEF की एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत का पेट केयर उद्योग वर्ष 2024 में 3.6 अरब डॉलर का था, जो अगले छह वर्षों में बढ़कर 24.8 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है। इस वृद्धि के पीछे बेहतर गुणवत्ता वाले पेट फूड, पशु चिकित्सा सेवाओं, ग्रूमिंग और पालतू पशुओं पर बढ़ता उपभोक्ता खर्च प्रमुख कारण हैं।

Vetic के अलावा हाल के वर्षों में कई अन्य पेटकेयर स्टार्टअप्स ने भी निवेश जुटाया है। उदाहरण के लिए, Supertails ने इस वर्ष की शुरुआत में Venturi Partners के नेतृत्व में 30 मिलियन डॉलर की फंडिंग प्राप्त की थी। वहीं, Heads Up For Tails भी इस क्षेत्र का एक प्रमुख नाम है, जिसने Tracxn के अनुसार अब तक पांच फंडिंग राउंड्स में लगभग 75 मिलियन डॉलर जुटाए हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि पालतू पशुओं को परिवार का हिस्सा मानने की बढ़ती प्रवृत्ति, बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की मांग और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की पहुंच के कारण भारत का पेटकेयर बाजार आने वाले वर्षों में तेज़ी से विस्तार करता रहेगा।

Subscribe Newsletter
Submit your email address to receive the latest updates on news & host of opportunities