मुंबई स्थित ईवी बैटरी निर्माता न्यूरॉन एनर्जी ने बुधवार को ग्रिड-स्केल एनर्जी स्टोरेज क्षेत्र में प्रवेश की घोषणा की। कंपनी ने महाराष्ट्र के तळेगांव में बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) निर्माण सुविधा का शुभारंभ किया, जिसमें 100 करोड़ रुपये का पूंजीगत निवेश किया गया है। यह सुविधा सौर डेवलपर्स, कमर्शियल और औद्योगिक ग्राहक और घरेलू व निर्यात बाजारों में उपयोग के लिए लक्षित है।
7 एकड़ में फैली यह पूरी तरह स्वचालित और रोबोटिक सुविधा कंटेनराइज्ड BESS यूनिट्स का उत्पादन करेगी, जिसकी वार्षिक क्षमता 5 GWh और 1,000 यूनिट प्रति वर्ष तक होगी। ये मॉड्यूलर सिस्टम्स सौर और ग्रिड इन्फ्रास्ट्रक्चर में अतिरिक्त ऊर्जा संग्रहण और मांग पीक के दौरान वितरण के लिए तैयार किए गए हैं।
कंपनी के सह-संस्थापक और सीईओ प्रतिक कामदार ने कहा, "ग्रिड-स्केल BESS सेगमेंट में हमारा प्रवेश हमारे एडवांस्ड एनर्जी सॉल्यूशंस के सफर का प्राकृतिक विस्तार है। भारत में रिन्यूएबल एनर्जी के तेजी से अपनाए जाने के साथ, विश्वसनीय और स्केलेबल स्टोरेज इंफ्रास्ट्रक्चर पावर इकोसिस्टम को मजबूत करने में महत्वपूर्ण होगा। तळेगांव की हमारी नई फैक्ट्री इस दृष्टि का प्रतीक है।"
यह सुविधा इंजीनियरिंग, निर्माण, सिस्टम इंटीग्रेशन और तकनीकी सेवाओं में 500 से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित करने की उम्मीद है। न्यूरॉन एनर्जी का लक्षित व्यापार मिश्रण 60% घरेलू और 40% निर्यात है।
कंपनी ने कहा कि वह अपने एनर्जी स्टोरेज पोर्टफोलियो का विस्तार करना जारी रखेगी, और अपने ईवी मोबिलिटी व्यवसाय के चारों ओर बनाए गए बैटरी तकनीकी विशेषज्ञता का लाभ उठाएगी।