UGC ने बर्कबेक यूनिवर्सिटी को बेंगलुरु में कैंपस खोलने की दी मंजूरी

UGC ने बर्कबेक यूनिवर्सिटी को बेंगलुरु में कैंपस खोलने की दी मंजूरी

UGC ने बर्कबेक यूनिवर्सिटी को बेंगलुरु में कैंपस खोलने की दी मंजूरी
यूजीसी ने यूके के Birkbeck, University of London को बेंगलुरु में अपना कैंपस स्थापित करने की मंजूरी दे दी है। यह फैसला भारत में उच्च शिक्षा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।


भारतीय छात्रों को मिलेगी सस्ती इंटरनेशनल एजुकेशन

बेंगलुरु में इस कैंपस की स्थापना के साथ भारतीय छात्रों को University of London की डिग्री लगभग 60% कम लागत पर प्राप्त करने का मौका मिलेगा। खास बात यह है कि यहां वही अकादमिक गुणवत्ता, रिसर्च-आधारित पढ़ाई और इंडस्ट्री से जुड़े कोर्स उपलब्ध होंगे, जो यूके में पढ़ाए जाते हैं। इससे छात्रों को विदेश जाने की आवश्यकता कम होगी और वे कम खर्च में अंतरराष्ट्रीय अनुभव हासिल कर सकेंगे।

नवंबर 2023 में यूजीसी द्वारा लागू किए गए नए नियमों ने विदेशी विश्वविद्यालयों के लिए भारत में कैंपस खोलना आसान बना दिया है। इसके बाद से कई अंतरराष्ट्रीय संस्थानों ने भारत में निवेश और विस्तार में रुचि दिखाई है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के अनुसार, 19 से अधिक विदेशी विश्वविद्यालय भारत में अपने कैंपस स्थापित करने की तैयारी में हैं, जबकि 2025 तक 12 संस्थानों को पहले ही LOI जारी किया जा चुका है। यह दर्शाता है कि भारत वैश्विक शिक्षा के लिए तेजी से एक आकर्षक डेस्टिनेशन बन रहा है।

शिक्षा को मिलेगा नया आयाम

यह पहल भारत के उस लक्ष्य को भी मजबूत करती है, जिसमें 2030 तक उच्च शिक्षा में सकल नामांकन अनुपात (GER) को 50% तक बढ़ाने की योजना है। देश में ही उच्च गुणवत्ता वाली अंतरराष्ट्रीय शिक्षा उपलब्ध होने से अधिक छात्रों को उच्च शिक्षा तक पहुंच मिलेगी, खासकर उन छात्रों को जो आर्थिक या अन्य कारणों से विदेश नहीं जा पाते।

यूजीसी के चेयरमैन विनीत जोशी ने कहा कि यह मंजूरी भारतीय छात्रों के लिए वैश्विक शिक्षा के नए दरवाजे खोलेगी, उन्होंने बताया कि अब छात्र विदेश की तुलना में कम खर्च में विश्वस्तरीय शिक्षा प्राप्त कर सकेंगे, जिससे समान अवसर सुनिश्चित होंगे।

भारत बनेगा ग्लोबल एजुकेशन हब

यूजीसी का मानना है कि इस तरह के फैसलों से भारत एक वैश्विक शिक्षा केंद्र (Global Education Hub) के रूप में उभर रहा है। मुख्य रूप से यह पहल भारत और यूनाइटेड किंगडम के बीच शिक्षा और रिसर्च के क्षेत्र में बढ़ते सहयोग को भी दर्शाती है।

बर्कबेक की वाइस चांसलर सैली व्हीलर (Sally Wheeler) ने कहा कि भारत में कैंपस खोलना उनकी प्रतिबद्धता को दिखाता है, जिससे भारतीय छात्रों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा आसानी से मिल सके।

कुल मिलाकर, बेंगलुरु में बर्कबेक का कैंपस भारत के शिक्षा क्षेत्र के लिए एक बड़ा बदलाव साबित हो सकता है। इससे छात्रों को बेहतर, सस्ती और अंतरराष्ट्रीय स्तर की शिक्षा अपने देश में ही मिल सकेगी।

 

Subscribe Newsletter
Submit your email address to receive the latest updates on news & host of opportunities