T-Hub ने Flashpoint लॉन्च किया है, जो एक वेंचर स्टूडियो है और इंडस्ट्री लीडर्स के साथ साझेदारी में फाउंडर्स के साथ मिलकर कंपनियां तैयार करता है। इस प्रोग्राम के जरिए T-Hub और उसके पार्टनर्स किसी समस्या को तय करते हैं और उसके आधार पर स्टार्टअप बनाने के लिए फाउंडर्स का चयन करते हैं। इसमें फाउंडर्स के पास कंपनी का पूरा ओनरशिप रहता है और इक्विटी में कोई डाइल्यूशन नहीं होता। स्टूडियो के पहले दो ट्रैक एग्री-टेक और स्पेस-टेक के लिए आवेदन अब खुले हैं।
एग्री-टेक ट्रैक में चुने गए फाउंडर्स Kheyti के साथ एंटरप्रेन्योर-इन-रेजिडेंस के रूप में काम करेंगे। उन्हें हर महीने 1 लाख रुपये का स्टाइपेंड, स्पॉन्सर्ड पायलट्स और पहले सप्ताह से 8,000 ग्रीनहाउस किसानों तक सीधी पहुंच मिलेगी। वहीं, स्पेस-टेक ट्रैक में Dhruva Space फाउंडर्स को अपनी एंड-टू-एंड स्पेस इंजीनियरिंग इंफ्रास्ट्रक्चर तक पहुंच देगा। इसमें क्लीनरूम, थर्मल-वैक्यूम और वाइब्रेशन टेस्टिंग फैसिलिटीज के साथ ग्राउंड स्टेशंस शामिल हैं।
Flashpoint, T-Hub के पहले के Blueprint फेलोशिप प्रोग्राम पर आधारित है। यह 12 महीने का प्रोग्राम था, जिसे डीप-टेक स्टार्टअप्स को शुरुआती ट्रैक्शन से स्केल तक पहुंचाने के लिए तैयार किया गया था। अब Flashpoint इसी को-बिल्डिंग मॉडल को फाउंडर की यात्रा की शुरुआत के स्तर तक लेकर जाता है। T-Hub अब तक 3,300 से अधिक स्टार्टअप्स को सपोर्ट कर चुका है और दुनियाभर में 250 से अधिक इन्वेस्टर्स और फंड्स के साथ पार्टनरशिप करता है।
T-Hub के सीईओ कविकृत (Kavikrut) ने कहा, “Flashpoint फाउंडर्स को वास्तव में महत्वपूर्ण अवसर देता है - एक इंडस्ट्री-वैलिडेटेड समस्या, जिस पर काम किया जा सके, एक अनुभवी ऑपरेटर, जिसके साथ मिलकर प्रोडक्ट बनाया जा सके और T-Hub के रिसोर्सेज और नेटवर्क तक सीधी पहुंच।”