आंध्र प्रदेश ने अमरावती क्वांटम वैली की नींव रखी

आंध्र प्रदेश ने अमरावती क्वांटम वैली की नींव रखी

आंध्र प्रदेश ने अमरावती क्वांटम वैली की नींव रखी
यह पहल क्वांटम रिसर्च, इनोवेशन, टैलेंट डेवलपमेंट और उद्योग, शिक्षा संस्थानों व सरकार के बीच सहयोग के लिए एक समर्पित इकोसिस्टम तैयार करने के उद्देश्य से शुरू की गई है।


आंध्र प्रदेश ने अपने विज्ञान और प्रौद्योगिकी रोडमैप में एक अहम कदम उठाते हुए हाल ही में अमरावती में अमरावती क्वांटम वैली (AQV) का शिलान्यास समारोह आयोजित किया। इस पहल का उद्देश्य क्वांटम अनुसंधान, नवाचार, प्रतिभा विकास और उद्योग, अकादमिक संस्थानों तथा सरकार के बीच सहयोग के लिए एक मजबूत और समर्पित वातावरण तैयार करना है।

मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि यह परियोजना भारत का पहला एकीकृत क्वांटम इकोसिस्टम होगी, जिसमें एक ही कैंपस में क्वांटम कंप्यूटिंग हार्डवेयर, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, एल्गोरिदम डिज़ाइन और वर्कफोर्स ट्रेनिंग को एक साथ जोड़ा जाएगा।

इस समारोह में मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान के केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह, और आंध्र प्रदेश के आईटी, इलेक्ट्रॉनिक्स, RTGS और शिक्षा मंत्री नारा लोकेश शामिल हुए। इसके अलावा, कार्यक्रम में वैज्ञानिकों, शिक्षाविदों और टेक्नोलॉजी व इंजीनियरिंग कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी भाग लिया।

कार्यक्रम के दौरान कई लॉन्च और समझौता ज्ञापन (MoU) का आदान-प्रदान हुआ, जिससे विभिन्न क्षेत्रों के बीच सहयोग को मज़बूत करने के प्रयास दिखे। इनमें अमरावती क्वांटम वैली के लोगो का अनावरण, चुनी गई पहलों के लिए पुरस्कार राशि की घोषणाएँ, और IBM तथा टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) द्वारा क्वांटम क्लाउड सेवाओं का लॉन्च शामिल था।

संस्थागत सहयोग को औपचारिक रूप देते हुए IBM-TCS क्वांटम इनोवेशन सेंटर की घोषणा की गई। इसके साथ ही SRM यूनिवर्सिटी द्वारा क्वांटम टैलेंट हब और क्वांटम रेफरेंस फैसिलिटी स्थापित करने की योजनाएं भी साझा की गईं। QClairvoyance Quantum Labs द्वारा विकसित एक क्वांटम-सेफ एप्लिकेशन भी लॉन्च किया गया। इसके अलावा, नौ कंपनियों के साथ MoU पर हस्ताक्षर किए गए, जो क्वांटम टेक्नोलॉजी में प्राइवेट सेक्टर की बढ़ती रुचि को दर्शाता है।

कार्यक्रम के तहत गणमान्य अतिथियों ने AQV हैकाथॉन में भाग लेने वाले छात्रों और मेधा टावर्स से संचालित स्टार्टअप्स के साथ बातचीत की। इन संवादों से इस उभरते इकोसिस्टम में छात्र सहभागिता, उद्यमिता और शुरुआती स्तर के नवाचार पर ज़ोर स्पष्ट हुआ।

कार्यक्रम में उपस्थित वरिष्ठ अधिकारियों और विशेषज्ञों में प्रो. अभय करंदीकर (सचिव, विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग), प्रो. अजय कुमार सूद (भारत सरकार के प्रमुख वैज्ञानिक सलाहकार), आंध्र प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारी, IIT मद्रास के निदेशक प्रो. वी. कामकोटी, और L&T, TCS व IBM के टेक्नोलॉजी लीडर्स शामिल थे।

अमरावती क्वांटम वैली पहल आंध्र प्रदेश के राष्ट्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी प्राथमिकताओं के अनुरूप कदम उठाने और क्वांटम रिसर्च व अनुप्रयोगों में दीर्घकालिक क्षमताएं विकसित करने के प्रयासों को दर्शाती है।

Subscribe Newsletter
Submit your email address to receive the latest updates on news & host of opportunities