जेबीएम इकोलाइफ प्राइवेट लिमिटेड ने दिल्ली और गांधीनगर में नई तैनाती के साथ भारत में अपने इलेक्ट्रिक बस संचालन का विस्तार किया है। कंपनी का कुल इलेक्ट्रिक बस बेड़ा अब देशभर में 3,000 से ज्यादा हो गया है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 9 मीटर लंबी लो-फ्लोर, एयर-कंडीशंड 103 इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाई, जिन्हें शहर की पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन सर्विस में शामिल किया गया। इस तैनाती के बाद दिल्ली में जेबीएम की इलेक्ट्रिक बसों की संख्या लगभग 1,000 हो गई है।
वहीं, जेबीएम इकोलाइफ ने केंद्र सरकार की पीएम ई-बस सेवा योजना के तहत गांधीनगर नगर निगम के साथ 100 इलेक्ट्रिक बसों की आपूर्ति के लिए समझौता किया है। पहले चरण में वित्त वर्ष 2025-26 के अंत तक 40 बसों की डिलीवरी की जाएगी, जिससे गुजरात में कंपनी का संचालन बेड़ा करीब 500 बसों तक पहुंचने की उम्मीद है।
गांधीनगर के लिए उपलब्ध कराई जा रही बसें पूरी तरह एयर-कंडीशंड 25-सीटर होंगी, जिनमें सीसीटीवी कैमरे,ऑटोमैटिक दरवाजे और वरिष्ठ नागरिकों व दिव्यांग यात्रियों के लिए विशेष सुविधाएं होंगी। संचालन के लिए डिपो और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर भी विकसित किया जा रहा है।
कंपनी के अनुसार, पिछले पांच वर्षों में जेबीएम की इलेक्ट्रिक बसों ने 300 मिलियन किलोमीटर से ज्यादा दूरी तय की है, एक अरब से अधिक यात्रियों को सेवा दी है और एक अरब किलोग्राम से अधिक कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने में योगदान दिया है। ये बसें जेबीएम के मैन्युफैक्चरिंग प्लांट में बनाई जाती हैं, जिसकी वार्षिक उत्पादन क्षमता 20,000 इलेक्ट्रिक बसों की है।