ऑस्ट्रेलिया की बैटरी मटेरियल्स कंपनी Sicona Battery Technologies, जिसमें Himadri Speciality Chemical Ltd. का निवेश है, को Australian Renewable Energy Agency (ARENA) से AUD 45 मिलियन (लगभग 45 मिलियन ऑस्ट्रेलियाई डॉलर) तक की फंडिंग मिली है। यह सहायता कंपनी की सिलिकॉन-कार्बन (SiCx) एनोड तकनीक के व्यावसायीकरण (Commercialisation) के लिए दी गई है।
यह फंडिंग ARENA की Battery Breakthrough Initiative के तहत प्रदान की गई है। इसके जरिए ऑस्ट्रेलिया के न्यू साउथ वेल्स स्थित BlueScope Steel के Port Kembla परिसर में एक कमर्शियल-स्केल डेमो प्लांट का निर्माण और संचालन किया जाएगा। इस सुविधा में इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) और एनर्जी स्टोरेज बैटरियों के लिए कंपनी का स्वामित्व वाला SiCx सिलिकॉन-कार्बन एनोड मटेरियल तैयार किया जाएगा।
ARENA के अनुसार, सिकोना की यह तकनीक पारंपरिक ग्रेफाइट एनोड की तुलना में लिथियम-आयन बैटरियों की ऊर्जा घनत्व (Energy Density) को 20% तक बढ़ाने और चार्जिंग स्पीड को 40% तक तेज करने की क्षमता रखती है। कंपनी का कहना है कि इस मटेरियल को मौजूदा लिथियम-आयन बैटरी निर्माण प्रक्रियाओं के साथ आसानी से एकीकृत किया जा सकता है, जिससे बड़े स्तर पर उत्पादन में बदलाव की आवश्यकता नहीं होगी।
कंपनी के अनुसार, यह डेमो प्लांट कमर्शियल स्तर पर इसकी मैन्युफैक्चरिंग प्रक्रिया को प्रमाणित करेगा और बैटरी निर्माताओं तथा इलेक्ट्रिक वाहन OEMs के लिए क्वालिफिकेशन सैंपल तैयार करेगा। इससे भविष्य में ऑफटेक एग्रीमेंट्स और इस तकनीक के व्यापक व्यावसायिक उपयोग का मार्ग प्रशस्त होने की उम्मीद है।
वहीं, हिमाद्री स्पेशलिटी केमिकल लिमिटेड (Himadri Speciality Chemical Ltd) के लिए यह विकास उन्नत बैटरी मटेरियल्स के क्षेत्र में अपनी मौजूदगी मजबूत करने की रणनीति के अनुरूप है। कंपनी पहले ही सिकोना में निवेश कर चुकी है और लिथियम-आयन बैटरी मटेरियल्स तथा स्पेशियलिटी कार्बन उत्पादों के जरिए बैटरी वैल्यू चेन में अपनी क्षमताओं का विस्तार कर रही है।
बढ़ती ईवी और एनर्जी स्टोरेज सिस्टम की मांग के बीच वैश्विक स्तर पर बैटरी सप्लाई चेन और एडवांस्ड बैटरी मटेरियल्स में निवेश तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में सिलिकॉन-कार्बन एनोड तकनीक को बैटरी की क्षमता और चार्जिंग प्रदर्शन बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।