भारत में इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने को बढ़ावा देने के लिए एक्सिस बैंक (Axis Bank) को टेस्ला (Tesla) का प्रेफर्ड फाइनेंसिंग पार्टनर नियुक्त किया गया है। बुधवार को घोषित इस साझेदारी के तहत देशभर के ग्राहकों को टेस्ला इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीद के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए लोन उपलब्ध कराए जाएंगे, जिससे प्रीमियम ईवी खरीदने से जुड़ी वित्तीय बाधाएं कम करने में मदद मिलेगी।
यह व्यवस्था पूरे भारत में लागू की जाएगी और इसमें बड़े महानगरों के साथ-साथ छोटे शहर भी शामिल होंगे, जिन्हें उभरते हुए इवी बाजार के रूप में देखा जा रहा है। एक्सिस बैंक प्रीमियम ईवी खरीदारों के लिए विशेष ऑटो लोन प्रदान करेगा, जिसमें ग्राहकों की आय के अनुरूप कस्टमाइज्ड रीपेमेंट शेड्यूल, 10 साल तक की लोन अवधि और पूरी तरह डिजिटल आवेदन व स्वीकृति प्रक्रिया शामिल होगी।
भारतीय ऑटो फाइनेंसिंग बाजार में यह लंबी लोन अवधि महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि आमतौर पर कार लोन की अवधि 5 से 7 साल होती है। 10 साल तक की अवधि से मासिक किस्तें कम हो सकती हैं, जिससे Tesla जैसी महंगी इलेक्ट्रिक कारें ज्यादा लोगों के लिए सुलभ बन सकती हैं।
मुनीष शारदा (Munish Sharda), एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, एक्सिस बैंक ने कहा कि यह साझेदारी Tesla खरीदने की लागत और प्रक्रिया को आसान बनाने के उद्देश्य से की गई है। उन्होंने कहा, “भारत में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी तेजी से बढ़ रही है और टेस्ला बैंक (Axis Bank) को इस बदलाव को गति देने के लिए Tesla के साथ सहयोग करने पर गर्व है। इससे ग्राहकों के लिए सुविधाजनक और लचीले तरीके से सस्टेनेबल मोबिलिटी अपनाना आसान होगा।”
टेस्ला ने वर्षों की नियामकीय और आयात शुल्क से जुड़ी चर्चाओं के बाद 2025 में भारतीय बाजार में प्रवेश किया था। कंपनी ने शुरुआत में चुनिंदा शहरों में अपने Model Y की बिक्री शुरू की और धीरे-धीरे अपने रिटेल और सर्विस नेटवर्क का विस्तार कर रही है। हालांकि पूरी तरह से आयातित वाहनों पर उच्च आयात शुल्क के कारण Tesla की कीमतें घरेलू ईवी निर्माताओं की तुलना में काफी अधिक हैं, जिससे फाइनेंसिंग विकल्प ग्राहकों के लिए महत्वपूर्ण हो जाते हैं।
भारत में ईवी सेक्टर पिछले कुछ वर्षों में लगातार बढ़ रहा है। केंद्र सरकार की फेम-स्कीम (FAME Scheme )और अन्य नीतियों ने दो-पहिया, तीन-पहिया और पैसेंजर वाहनों में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा दिया है। हालांकि प्रीमियम पैसेंजर कार सेगमेंट, जहां टेस्ला प्रतिस्पर्धा करती है, अपेक्षाकृत धीमी गति से बढ़ा है।
एक्सिस बैंक (Axis Bank) भारत के सबसे बड़े निजी क्षेत्र के बैंकों में से एक है। सितंबर 2025 तक बैंक के देशभर में 5,976 शाखाएं और 13,177 एटीएम व कैश रीसायकल मशीनें थीं। बैंक रिटेल, कॉरपोरेट, SME और कृषि क्षेत्रों में वित्तीय सेवाएं प्रदान करता है, जबकि इसके समूह संस्थानों में एक्सिस म्यूचुअल फंड, एक्सिस सिक्योरिटीज, एक्सिस फाइनेंस और फ्री चार्ज (Freecharge) शामिल हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, बैंकों और ऑटोमोबाइल कंपनियों के बीच इस तरह की साझेदारियां भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों को अधिक सुलभ बनाने और ईवी बाजार की वृद्धि को तेज करने में अहम भूमिका निभा सकती हैं।